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भागदौड़ भरी जिंदगी में हर कोई आजकल इतना व्यस्त हो गया है कि अपने लिए समय नहीं निकाल पाते, जिसके कारण वह विभिन्न बीमारियों से ग्रसित हो जाता है। क्योंकि आज का दौर ऐसा है कि खुद के लिए समय निकाल पाना सबसे मुश्किल कार्य है, जिस वजह से हमारे शरीर में विभिन्न परेशानियों का जमावड़ा हो जाता है जिससे हम अस्वस्थ रहने लग जाते हैं, जिसका सीधा प्रभाव हमारे हृदय पर पड़ता है, और अगर इस पर ध्यान न दिया जाए तो यह हमारे लिए जानलेवा साबित हो सकता है। इसलिए आज हम आपको हृदय को स्वस्थ रखने के लिए ऐसे योग बताने वाले हैं जिससे आप को बहुत फायदे मिलेंगे।
उष्ट्रासन यह एक ऐसा योग है जिसके द्वारा हम हमारे हृदय संबंधित जितने भी परेशानी हैं उन्हें दूर कर सकते हैं इसके लिए आपको घुटने और कंधों को एक समान आकार में रखना है, और शरीर को इस प्रकार झुकाना है कि आप अपने सांस को अंदर खींचिए, फिर थोड़ी देर के बाद उसे पेट के बाहर से खींचते हुए ले जाकर सांस को छोड़े। यही प्रक्रिया आपको कम से कम तीन से चार बार करनी है जिससे आपको हृदय संबंधी रोग से छुटकारा मिलेगा।
भस्त्रिका प्राणायाम सांस संबंधित और आंतो से संबंधित जितने भी परेशानियां हैं उन्हें दूर करती है। इसके लिए आपको सामान्य तरीके से बैठना है, फिर अपने घुटने को मोड़ते हुए अपने पीछे वाले भाग के हिसाब से बैठना है। इसके बाद आप अपने हाथों की मुट्ठी बना ले और उसे अपने कंधों पर ले जाएं, इसके बाद जब आप सांस भरते हैं तो अपने हाथों को ऊपर ले जाए और उसके बाद मुट्ठी खोल दें, फिर जब सांस छोड़ें तो अपने हाथों को नीचे ले जाए और फिर हाथों की मुट्ठी बना ले। यह प्रक्रिया आपको तीन से चार बार करनी है इससे आपकी सांस की समस्या दूर हो जाएगी।
सबसे सामान्य योग आपके लिए अनुलोम विलोम और कपालभाति है, जिसे आप चाहे तो प्रतिदिन एक्सरसाइज करने के बाद जरूर करें। इससे आप के सांस संबंधित परेशानी दूर होगी और आपके शरीर में नई ऊर्जा का संचार होगा, जिससे आप की सांसों की समस्या पूरी तरीके से खत्म हो जाएगी।
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